1. बिहार वृद्धा पेंशन के लिए जीवन प्रमाण पत्र (KYC) क्यों जरूरी है?
• वृद्धा पेंशन के नियमित भुगतान को बनाए रखने के लिए समाज कल्याण विभाग द्वारा प्रतिवर्ष लाभार्थी के जीवित होने का डिजिटल सत्यापन (जीवन प्रमाण पत्र) अनिवार्य किया गया है ताकि पेंशन सीधे सही लाभार्थी के बैंक खाते में बिना रुकावट आती रहे।
2. बिहार पेंशन जीवन प्रमाण पत्र जमा करने के कितने तरीके (Modes) उपलब्ध हैं?
• मुख्य रूप से चार तरीके उपलब्ध हैं: 1. नजदीकी CSC (वसुधा केंद्र) पर बायोमेट्रिक फिंगरप्रिंट/आयरिस द्वारा, 2. प्रखंड कार्यालय के RTPS/eLabharthi काउंटर पर, 3. घर बैठे स्मार्टफोन से Jeevan Pramaan + Aadhaar FaceRD ऐप द्वारा, और 4. डाकघर के डाकिया (IPPB Doorstep Service) के माध्यम से।
3. घर बैठे मोबाइल से डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र कैसे बनाएं?
• गूगल प्ले स्टोर से 'Jeevan Pramaan' और 'AadhaarFaceRD' ऐप डाउनलोड करें। ऑपरेटर प्रमाणीकरण के बाद पेंशनर का आधार नंबर, मोबाइल, पेंशन योजना/सैंक्शनिंग अथॉरिटी (Social Welfare Dept Bihar / SSPMIS) और खाता संख्या दर्ज कर मोबाइल कैमरे से फेस स्कैन करके तुरंत प्रमाण पत्र सबमिट कर सकते हैं।
4. बिहार पेंशन केवाईसी/जीवन प्रमाण पत्र की स्थिति (Status) कैसे चेक करें?
• लाभार्थी eLabharthi के आधिकारिक पोर्टल (elabharthi.bihar.gov.in) पर जाकर 'Payment Status' या 'Check Beneficiary Status' में अपना जिला, ब्लॉक और आधार या बैंक खाता संख्या दर्ज करके भौतिक सत्यापन व भुगतान की स्थिति देख सकते हैं।
5. यदि बायोमेट्रिक फिंगरप्रिंट काम न करे तो सत्यापन कैसे होगा?
• वृद्धजनों की उंगलियों के निशान घिस जाने की स्थिति में फेस ऑथेंटिकेशन (Face RD) अथवा आयरिस स्कैनर (आंखों की पुतली) के माध्यम से ई-केवाईसी किया जा सकता है।